पोंजी स्कीम संचालकों की जांच करने गई साइबर सेल टीम पैसा देखकर फंसी नोएडा पुलिस के चंगुल में

स्टोरी शेयर करें



नोएडा
पोंजी स्कीम के जरिये ठगी के मामले में नोएडा आकर जांच कर रही मध्य प्रदेश की जबलपुर साइबर सेल पुलिस उलटे ही आरोपियों से उगाही में लग गई। दरोगा की पिस्टल लूट के मामले में नोएडा पुलिस ने यह दावा किया। आरोपियों से मध्य प्रदेश पुलिस अलग-अलग तरीके से 28 लाख रुपये से अधिक ले चुकी है। सेक्टर-18 स्थित एक निजी बैंक में जमा 58 लाख रुपये पर भी उनकी नजर थी, जिसको लेकर आरोपियों ने एक दरोगा की पिस्टल लूट ली थी। इसके बाद साइबर सेल पुलिस का खेल उजागर हो गया।

बता दें कि सेक्टर-18 स्थित एक निजी बैंक के पास मध्यप्रदेश पुलिस के दरोगा की शुक्रवार को दरोगा राशिद से पिस्टल लूुट ली थी। सेक्टर-20 कोतवाली में अज्ञात बदमाशों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई थी। दरोगा की पिस्टल लूट की जांच कर रही नोएडा पुलिस ने मध्यप्रदेश पुलिस के तीनों पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया था। इनके अलावा पोंजी स्कीम से जुड़े दो अन्य आरोपियों को भी पकड़ा था।

पकड़े गए राशिद और पंकज मध्यप्रदेश पुलिस में बतौर दरोगा और आसिफ आरक्षी है। ये तीनों ही जबलपुर साइबर सेल में तैनात हैं। इनके पास से नोएडा पुलिस ने कुछ कागजात और मोबाइल बरामद किए है। वहीं, पुलिस ने सेक्टर-12 निवासी सूर्यभान और खोड़ा निवासी शशिकांत को भी पकड़ा है।

पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपित पोंंजी स्कीम संचालक सूर्यभान मध्यप्रदेश से आई टीम के संपर्क में है। यह टीम सूर्यभान के खाते को पहले ही फ्रीज करा चुकी थी। उसके खाते में 58 लाख रुपये थे। मध्य प्रदेश पुलिस खाते में जमा रकम को हड़पकर पोंजी स्कीम संचालक सूर्यभान को बचाने की तैयारी में थी। सूर्यभान से पुलिस पूछताछ में काफी बातें सामने आईं।

पता चला कि मध्य प्रदेश पुलिस ने जेल भेजने की धमकी देकर 16 से 18 दिसंबर के बीच उससे 4 लाख 70 हजार रुपये भी लिए थे। इसके अलावा पोंजी स्कीम चलाकर धन हड़पने की शिकायत करने वाले चंद्रकांत के अकाउंट में करीब 24 लाख रुपये ट्रॉसफर किए गए। कुछ रकम आरक्षी आसिफ अली के खाते में भी ट्रांसफर की गई।

अपर पुलिस आयुक्त लव कुमार ने बताया कि मनोज तिवारी नाम के शख्स ने पिस्टल लूटी थी। यह सूर्यभान के संपर्क में था। आरोपी की तलाश की जा रही है। जल्द उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पूछताछ में सामने आया है कि सूर्यभान के कहने पर ही दरोगा से पिस्टल लूटी गई। ताकि टीम को सबक सिखाया जा सके।



स्टोरी शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Pin It on Pinterest

Advertisements
%d bloggers like this: